झालावाड़ जिले की पनवाड़ थाना पुलिस ने क्षेत्र के हरीगढ़ गांव में हुए सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर की गुत्थी को सुलझाते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। महज एक मोबाइल बैटरी और जमीन के मुनाफे के चंद रुपयों के विवाद ने एक बुजुर्ग की जान ले ली। पुलिस ने आरोपी जितेंद्र भील को दबोच लिया है, जिसने शराब के नशे में अपने ही परिचित पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया था।
खेत में मिला था लहुलुहान शव
घटना 30 अप्रैल की है, जब हरीगढ़ निवासी 70 वर्षीय रामगोपाल मवेशी चराने खेत पर गए थे। देर रात तक घर न लौटने पर जब परिजनों ने तलाश शुरू की, तो रामगोपाल का शव लहुलुहान हालत में खेत में मिला। उनके सिर और चेहरे पर कुल्हाड़ी के गहरे निशान थे। घटना के बाद इलाके में दहशत फैल गई थी। एसपी अमित कुमार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष टीम का गठन किया, जिसने डॉग स्क्वायड और एफएसएल (FSL) की मदद से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए।
शराब पार्टी और मोबाइल बैटरी का विवाद
पुलिस अनुसंधान में चौंकाने वाला खुलासा हुआ। आरोपी जितेंद्र और मृतक रामगोपाल पड़ोसी खेत मालिक थे। जितेंद्र शराबी प्रवृत्ति का है और खेत पर ही टापरी बनाकर रहता था।
- विवाद की वजह 1: जितेंद्र की जमीन रामगोपाल जोतता था, जिसके मुनाफे के कुछ पैसे बकाया थे।
- विवाद की वजह 2: जितेंद्र ने अपनी मोबाइल बैटरी चार्ज करने के लिए रामगोपाल को दी थी, जो वापस नहीं मिली थी।
घटना के दिन दोनों ने साथ बैठकर शराब पी, जिसके बाद इन्हीं बातों को लेकर कहासुनी शुरू हो गई। नशे में धुत जितेंद्र ने आपा खो दिया और पास रखी कुल्हाड़ी से रामगोपाल के चेहरे और ललाट पर कई वार कर दिए।
“यह एक ब्लाइंड मर्डर था जिसे सुलझाना पुलिस के लिए चुनौती थी। तकनीकी विश्लेषण और मुखबिरों के सटीक इनपुट के आधार पर आरोपी जितेंद्र को गिरफ्तार किया गया है। वारदात में प्रयुक्त कुल्हाड़ी की बरामदगी के प्रयास जारी हैं।” — अमित कुमार, पुलिस अधीक्षक, झालावाड़
पुलिस टीम की तत्परता
इस ब्लाइंड मर्डर को सुलझाने में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक भागचन्द्र मीणा और वृत्ताधिकारी गरिमा जिंदल के मार्गदर्शन में पनवाड़ थानाधिकारी जाकिर हुसैन और उनकी टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अब आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है ताकि वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं की पुष्टि की जा सके।
