Tuesday, May 19, 2026

Weekly Newspaper

The Public Hub
Login
  • Home
  • राजस्थान
  • विभाग
  • जुर्म
  • धर्म
  • भारत
Reading: NEET Paper Leak: व्हिसलब्लोअर शशिकांत ने CBI को सौंपा गड़बड़ी का कच्चा चिट्ठा; खुद जुटाए थे सारे सबूत
Share
E-Paper
Font ResizerAa
The Public HubThe Public Hub
  • E-Paper
  • राजस्थान
  • जुर्म
  • कानून
  • योजना
  • धर्म
  • भारत
  • शिक्षा विभाग
Search
  • Home
  • E-Paper
  • Privacy Policy
  • About us
  • Terms and Conditions
  • Contact
Follow US
Made by ThemeRuby using the Foxiz theme. Powered by WordPress
कानून व्यवस्था विभागशिक्षा विभागसीकर

NEET Paper Leak: व्हिसलब्लोअर शशिकांत ने CBI को सौंपा गड़बड़ी का कच्चा चिट्ठा; खुद जुटाए थे सारे सबूत

By The Public Hub
Last updated: May 16, 2026
5 Min Read

सीकर: नीट-यूजी 2026 (NEET-UG 2026) पेपर लीक मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की तफ्तीश अब अपने सबसे निर्णायक दौर में पहुंच चुकी है. इस पूरे घोटाले को बेनकाब करने वाले सीकर के व्हिसलब्लोअर और केमिस्ट्री टीचर शशिकांत सुथार के बयान सीबीआई ने दर्ज कर लिए हैं. शशिकांत ने इस महाघोटाले से जुड़े तमाम अकाट्य और डिजिटल सबूत सीबीआई को सौंप दिए हैं और पूरे घटनाक्रम का सिलसिलेवार ब्योरा दिया है.

Contents
वायरल पेपर ने खोली पोल; ऐसे सामने आया सचजब पुलिस ने कहा ‘सबूत लाओ’, तो 2 दिन तक जुटाई डिजिटल कुंडलीशिकायत के कुछ ही घंटों बाद एक्शन में आईं देश की टॉप एजेंसियांजांच की टाइमलाइन पर एक नज़र“चुप रहता तो दब जाता मामला”

शशिकांत सुथार वही शिक्षक हैं, जिन्होंने सबसे पहले सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे ‘गेस पेपर’ का मिलान राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) के असली प्रश्नपत्र से करके इस धांधली को उजागर किया था.

वायरल पेपर ने खोली पोल; ऐसे सामने आया सच

शिक्षक शशिकांत ने बताया कि 3 मई को नीट की परीक्षा खत्म होने के बाद उनके मकान मालिक ने उन्हें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा एक प्रश्नपत्र दिखाया. यह पेपर कई व्हाट्सएप और टेलीग्राम ग्रुप्स में तैर रहा था.

जब शशिकांत ने एक शिक्षक के तौर पर उस वायरल पेपर की पड़ताल की, तो उनके होश उड़ गए:

  • केमिस्ट्री के 45 सवाल हूबहू मिले: असली प्रश्नपत्र से मिलान करने पर केमिस्ट्री (रसायन विज्ञान) के सभी 45 सवाल मैच कर रहे थे.
  • बायोलॉजी के 90 सवाल भी सेम: शक गहराने पर उन्होंने अपने सहयोगी बायोलॉजी शिक्षक को वह पेपर दिखाया, तो जीव विज्ञान के भी करीब 90 सवाल परीक्षा में आए प्रश्नों से पूरी तरह मेल खा रहे थे.

जब पुलिस ने कहा ‘सबूत लाओ’, तो 2 दिन तक जुटाई डिजिटल कुंडली

मामला देश के लाखों छात्रों के भविष्य से जुड़ा था, इसलिए शशिकांत उसी रात सीकर के उद्योग नगर थाने पहुंचे. हालांकि, पुलिस ने उनसे कहा कि वे बिना ठोस सबूत और लिखित शिकायत के कार्रवाई नहीं कर सकते.

इसके बाद शशिकांत पीछे नहीं हटे और अगले दो दिनों तक उन्होंने खुद ही जांच एजेंसी की तरह काम किया:

  • उन्होंने सोशल मीडिया पर वायरल हो रही पीडीएफ (PDF) फाइलें डाउनलोड कीं.
  • पेपर वायरल होने के समय को साबित करने वाले स्क्रीनशॉट और अन्य महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य (Digital Evidence) इकट्ठा किए.
  • पूरी तैयारी के बाद 6 मई को उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्रालय और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को ई-मेल के जरिए एक विस्तृत शिकायत भेज दी.

शिकायत के कुछ ही घंटों बाद एक्शन में आईं देश की टॉप एजेंसियां

शशिकांत की शिकायत इतनी पुख्ता थी कि दिल्ली तक हड़कंप मच गया. ई-मेल भेजने के कुछ ही घंटों के भीतर एनटीए के शीर्ष अधिकारियों और सीबीआई ने उनसे संपर्क साधा.

जांच की टाइमलाइन पर एक नज़र

तारीखक्या हुआ?
3 मईपरीक्षा खत्म होने के बाद शशिकांत को वायरल पेपर मिला; लीक का पता चला.
4-5 मईशशिकांत ने दिन-रात एक करके स्क्रीनशॉट, पीडीएफ और डिजिटल सबूत जुटाए.
6 मईकेंद्रीय गृह मंत्रालय और NTA को ई-मेल के जरिए शिकायत भेजी गई.
7 मईगृह मंत्रालय की स्पेशल टीम सीकर पहुंची और शशिकांत के बयान दर्ज किए.

इसके बाद राजस्थान एसओजी (SOG) और सीकर पुलिस ने भी शशिकांत से लंबी पूछताछ कर इस पूरे सिंडिकेट के नेटवर्क को समझने का प्रयास किया है.

“चुप रहता तो दब जाता मामला”

खुद की जान को खतरे में डालकर देश के लाखों मेडिकल परीक्षार्थियों की आवाज बनने वाले व्हिसलब्लोअर शशिकांत का इरादा बिल्कुल साफ है.

व्हिसलब्लोअर शिक्षक शशिकांत ने कहा:

“मैंने यह कदम केवल और केवल परीक्षा की पारदर्शिता बनाए रखने और देश के ईमानदार छात्रों के भविष्य को ध्यान में रखते हुए उठाया है. अगर मैं उस समय चुप रह जाता और समय रहते पुलिस तथा मंत्रालय को सबूतों के साथ शिकायत नहीं भेजता, तो शायद यह पूरा मामला हमेशा के लिए दबा दिया जाता.”

सीबीआई को सौंपे गए इन नए और पुख्ता सबूतों के बाद अब माना जा रहा है कि नीट पेपर लीक कांड के मुख्य सरगनाओं और इसमें शामिल बड़े चेहरों की गिरफ्तारी बेहद जल्द हो सकती है.

TAGGED:CBI InvestigationMinistry of Home AffairsNEET Paper Leak 2026NEET UG ControversyNTA Exam ScamPaper Leak EvidenceRajasthan SOGSikar Chemistry TeacherWhistleblower Shashikant
Share This Article
Facebook Copy Link Print
Leave a Comment Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

HOT NEWS

ट्रायल में बड़ी राहत: अभियोजन पक्ष के रिकॉर्ड में मौजूद दस्तावेज़ों को दोबारा साबित करने की जरूरत नहीं—सुप्रीम कोर्ट

अब ‘PMOS’ के नाम से जाना जाएगा महिलाओं का साइलेंट किलर; विशेषज्ञों ने कहा- सिस्ट से कहीं ज्यादा जटिल है यह बीमारी

महंगे फेशियल छोड़ें, अपनाएं मुलेठी और चंदन का लेप; डॉ. हेमलता ने बताए समर स्किनकेयर के अचूक नुस्खे

राजस्थान सियासत में ‘बिंवाल’ बम: मदन राठौड़ ने पल्ला झाड़ा, जूली ने सबूतों से घेरा

रेल यात्रियों के लिए बड़ी खुशखबरी: ‘रेलवन’ ऐप और AI तकनीक से आसान होगा सफर, हर टिकट पर 43% सब्सिडी

YOU MAY ALSO LIKE

The Public Hub News Impact:मदन दिलावर का बड़ा एक्शन, राजस्थान के 25 हजार स्कूलों की होगी उच्च स्तरीय जांच

जयपुर। शिक्षा जगत में पारदर्शिता और जवाबदेही को लेकर The Public Hub की मुहिम का बड़ा असर हुआ है। प्रदेश…

राजस्थानशिक्षा विभाग
March 12, 2026

झटकेदार खबर: राजस्थान में बेरोजगारी भत्ते के लिए तरसेंगे युवा, बजट और प्रशासनिक पेचीदगियों में फंसी स्कीम

राजस्थान के शिक्षित युवाओं के लिए 'मुख्यमंत्री युवा संबल योजना' से जुड़ी एक बेहद चिंताजनक खबर आई है। रोजगार विभाग…

जयपुरशिक्षा विभाग
April 14, 2026

RTE एडमिशन में बड़ा बदलाव: पहली बार मांगा गया PAN Card, फर्जी आय प्रमाण पत्र दिया तो खैर नहीं, होगी FIR और दोगुनी वसूली

जयपुर: राजस्थान के प्राइवेट स्कूलों में 'राइट टू एजुकेशन' (RTE) के तहत गरीब बच्चों को मिलने वाले फ्री एडमिशन में…

राजस्थानशिक्षा विभाग
February 21, 2026

मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के नेतृत्व में शिक्षा क्षेत्र का कायाकल्प, ड्रॉप आउट रेट में भारी गिरावट और बजट में नवाचारों की धूम

जयपुर: मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (CM Bhajanlal Sharma) के नेतृत्व में राजस्थान के शिक्षा परिदृश्य में एक बड़ा और सकारात्मक बदलाव…

राजस्थानशिक्षा विभाग
February 16, 2026

The Public Hub is Jaipur’s premier weekly newspaper dedicated to high-impact investigative journalism. Focused on Rajasthan’s socio-political landscape, we deliver research-based deep dives and hard-hitting facts that go beyond the headlines. Registered under RNI: RJBIL/26.A0142, we are committed to accountability and the pursuit of truth.

  • Home
  • Privacy Policy
  • About us
  • Terms and Conditions
  • E-Paper
  • राजस्थान
  • जुर्म
  • कानून
  • योजना
  • धर्म
  • भारत
  • शिक्षा विभाग
  • Home
  • राजस्थान
  • विभाग
  • जुर्म
  • धर्म
  • भारत

Follow US: 

-

All Rights Reserved
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?