Friday, March 20, 2026
धर्मKhatu Shyam Mela Crisis: खाटू-जयपुर प्राइवेट बसों का चक्का जाम, रोडवेज की छतों पर सफर करने को मजबूर हजारों श्रद्धालु

Khatu Shyam Mela Crisis: खाटू-जयपुर प्राइवेट बसों का चक्का जाम, रोडवेज की छतों पर सफर करने को मजबूर हजारों श्रद्धालु

सीकर: सीकर के विश्वप्रसिद्ध खाटूश्यामजी में चल रहे फाल्गुनी लक्खी मेले के बीच श्रद्धालुओं के लिए एक बेहद चिंताजनक खबर सामने आई है। बाबा श्याम के दर्शनों के लिए उमड़ रहे लाखों भक्तों के सैलाब के बीच खाटू-जयपुर मार्ग पर चलने वाली करीब 70 प्राइवेट बसों का पहिया थम गया है।

बस ऑपरेटरों की हड़ताल और परमिट विवाद के कारण पिछले दो दिनों में 60 हजार से ज्यादा श्रद्धालु बीच रास्ते में फंस गए हैं। ‘हारे के सहारे’ बाबा श्याम के दरबार में हाजिरी लगाने आए भक्तों के लिए वापसी की यह यात्रा बेहद कष्टकारी साबित हो रही है।

क्या है विवाद की मुख्य जड़?

बस ऑपरेटरों और प्रशासन के बीच यह पूरा विवाद जयपुर शहर में बसों की एंट्री (सिंधी कैंप) को लेकर है:

  • नियम क्या कहता है: वर्तमान नियमों के अनुसार, खाटू से आने वाली प्राइवेट बसों को जयपुर शहर के अंदर प्रवेश की अनुमति नहीं है। इन बसों को जयपुर के बाहर 14 नंबर बाईपास स्थित हीरापुरा बस स्टैंड पर ही सवारियां उतारनी पड़ती हैं।
  • श्रद्धालुओं की मांग: देश के कोने-कोने से मेले में आने वाले अधिकतर भक्त ट्रेन या अन्य बस पकड़ने के लिए सीधे रेलवे स्टेशन या सिंधी कैंप (मुख्य बस स्टैंड) जाना चाहते हैं।
  • मारपीट की नौबत: जब ड्राइवर बस को हीरापुरा पर रोकते हैं, तो श्रद्धालु सिंधी कैंप जाने की जिद करते हैं। इस वजह से आए दिन बस स्टाफ और यात्रियों के बीच मारपीट और कहासुनी की नौबत आ रही है।

28 फरवरी तक का अल्टीमेटम

‘श्रीश्याम खाटू-जयपुर बस ऑपरेटर सेवा समिति’ ने मेला मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपकर साफ कर दिया है कि जब तक उन्हें मेले के दौरान (23 से 28 फरवरी तक) बिना जुर्माने सिंधी कैंप तक जाने की अनुमति नहीं मिलती, बसें नहीं चलेंगी। यूनियन अध्यक्ष मनीष बाजिया और श्याम सींगड़ का कहना है कि ड्राइवर और कंडक्टर रोजाना यात्रियों के गुस्से का शिकार हो रहे हैं, ऐसे में बसें चलाना संभव नहीं है।

रोडवेज बसों पर ‘ओवरलोड’ का संकट!

प्राइवेट बसों के बंद होने का सीधा और सबसे बड़ा असर राजस्थान रोडवेज की बसों पर पड़ा है। खाटू रोडवेज बस स्टैंड पर यात्रियों की भारी भीड़ जमा हो गई है।

  • मजबूरी का सफर: घर लौटने की जल्दी में श्रद्धालु बसों के गेट पर लटककर और छतों पर बैठकर जान जोखिम में डालकर सफर करने को मजबूर हैं।
  • प्रशासन का दावा: हालांकि रोडवेज अधिकारियों का कहना है कि उन्होंने अतिरिक्त बसें लगाई हैं, लेकिन धरातल पर श्रद्धालुओं की विशाल संख्या के आगे ये सभी इंतजाम नाकाफी साबित हो रहे हैं।

विधानसभा में गूंजा मामला, डिप्टी सीएम ने दिए सख्त निर्देश

खाटूश्यामजी मेले के बीच प्राइवेट बस हड़ताल से उपजी इस भारी अव्यवस्था का मुद्दा बुधवार को राजस्थान विधानसभा में भी जोर-शोर से उठा। इस स्थिति पर परिवहन मंत्री और डिप्टी सीएम डॉ. प्रेमचंद बैरवा ने कड़ा रुख अपनाया है। विधायकों की मांग पर संज्ञान लेते हुए उन्होंने तुरंत ट्रांसपोर्ट कमिश्नर को श्याम भक्तों के लिए अतिरिक्त बसों और मिनी बसों के इंतजाम करने के सख्त निर्देश दिए हैं, ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित उनके गंतव्य तक पहुंचाया जा सके।

Check out our other content

Check out other tags:

Most Popular Articles