जयपुर: जयपुर विकास प्राधिकरण (JDA) ने सरकारी जमीनों को अतिक्रमण मुक्त करने के अभियान में एक बड़ी कामयाबी हासिल की है। आयुक्त सिद्धार्थ महाजन की अध्यक्षता में बुधवार को हुई प्रवर्तन शाखा की समीक्षा बैठक में चौंकाने वाले आंकड़े सामने आए। पिछले केवल दो महीनों (जनवरी और फरवरी 2026) के भीतर जेडीए ने कड़ी कार्रवाई करते हुए जयपुर के विभिन्न जोनों में 37 बीघा बेशकीमती सरकारी जमीन को अवैध कब्जों से मुक्त कराया है। इस भूमि की अनुमानित बाजार कीमत ₹233.40 करोड़ आंकी गई है।
जनवरी और फरवरी की कार्रवाई का ब्यौरा
आयुक्त ने बताया कि जेडीए की प्रवर्तन शाखा ने योजनाबद्ध तरीके से अवैध कॉलोनियों और सरकारी भूमि पर किए गए निर्माणों को ध्वस्त किया है।
जेडीए की बड़ी कार्रवाई: एक नज़र में (Table)
| माह (2026) | मुक्त कराई गई भूमि | अनुमानित बाजार कीमत | प्रमुख जोन |
| जनवरी | 17 बीघा | ₹173.40 करोड़ | 10, 13, 14, 15, 16 |
| फरवरी | 20 बीघा | ₹60.00 करोड़ | 22, 23, 24, 25 |
| कुल योग | 37 बीघा | ₹233.40 करोड़ | समस्त जयपुर |
सोमवार से शुरू होगा नया ‘साप्ताहिक अभियान’
जेडीए आयुक्त सिद्धार्थ महाजन ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सरकारी संपत्ति पर अतिक्रमण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि आगामी सोमवार से एक विशेष साप्ताहिक अभियान शुरू किया जाए, ताकि सरकारी जमीन पर अतिक्रमण के लंबित सभी मामलों का तत्काल निपटारा किया जा सके। आयुक्त ने अधिकारियों को सूचना मिलते ही तुरंत चालान पेश करने और बुलडोजर चलाने के निर्देश दिए हैं।
आमजन से अपील: बनें शहर के जागरूक प्रहरी
जेडीए ने जयपुर को अतिक्रमण मुक्त बनाने के लिए नागरिकों से सहयोग मांगा है। यदि आपको सरकारी भूमि पर अवैध निर्माण या कब्जे की जानकारी है, तो आप 24×7 संचालित कंट्रोल रूम या डिजिटल पोर्टल पर शिकायत दर्ज करा सकते हैं:
- हेल्पलाइन नंबर: 0141-2565800, 2575252, 2575151
- राजस्थान संपर्क पोर्टल: 181
- ईमेल:
enforcement.jda@rajasthan.gov.in
