Thursday, Jun 11, 2026

Weekly Newspaper

The Public Hub
Login
  • Home
  • राजस्थान
  • विभाग
  • जुर्म
  • धर्म
  • भारत
Reading: ‘फैंके नहीं, हमें दें’: नवजात शिशुओं की सुरक्षा के लिए बाल कल्याण समिति का बड़ा अभियान, केंद्रीय मंत्री मेघवाल ने किया पोस्टर विमोचन
Share
E-Paper
Font ResizerAa
The Public HubThe Public Hub
  • E-Paper
  • राजस्थान
  • जुर्म
  • कानून
  • योजना
  • धर्म
  • भारत
  • शिक्षा विभाग
Search
  • Home
  • E-Paper
  • Privacy Policy
  • About us
  • Terms and Conditions
  • Contact
Follow US
Made by ThemeRuby using the Foxiz theme. Powered by WordPress

Home - राजस्थान - ‘फैंके नहीं, हमें दें’: नवजात शिशुओं की सुरक्षा के लिए बाल कल्याण समिति का बड़ा अभियान, केंद्रीय मंत्री मेघवाल ने किया पोस्टर विमोचन

राजस्थान

‘फैंके नहीं, हमें दें’: नवजात शिशुओं की सुरक्षा के लिए बाल कल्याण समिति का बड़ा अभियान, केंद्रीय मंत्री मेघवाल ने किया पोस्टर विमोचन

By The Public Hub
Last updated: January 21, 2026
3 Min Read

बीकानेर/जयपुर, समाज में नवजात शिशुओं को लावारिस छोड़ने की दुखद घटनाओं पर अंकुश लगाने और उन्हें सुरक्षित जीवन देने के उद्देश्य से बाल कल्याण समिति ने एक विशेष पहल शुरू की है। ‘फैंके नहीं, हमें दें’ नाम से चलाए जाने वाले इस अभियान के पोस्टर का विमोचन बुधवार को केंद्रीय कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और बीकानेर पश्चिम विधायक जेठानंद व्यास ने किया।

Contents
लावारिस छोड़ना अपराध, सुरक्षित सुपुर्दगी है समाधान: अर्जुन राम मेघवालशारीरिक अक्षमता और दत्तक ग्रहण में बाधाअभियान के मुख्य बिंदु और मंशानहीं होगी कोई कानूनी कार्रवाई

लावारिस छोड़ना अपराध, सुरक्षित सुपुर्दगी है समाधान: अर्जुन राम मेघवाल

पोस्टर विमोचन के दौरान केंद्रीय मंत्री मेघवाल ने कहा कि नवजात बच्चों को झाड़ियों, नालों या असुरक्षित स्थानों पर छोड़ना न केवल अमानवीय है, बल्कि कानूनन अपराध भी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि इस अभियान के माध्यम से निचले स्तर तक जागरूकता फैलाई जाए ताकि लोग बच्चों को लावारिस छोड़ने के बजाय सरकारी आश्रय गृहों या पालना गृहों तक पहुँचाएं।

शारीरिक अक्षमता और दत्तक ग्रहण में बाधा

विधायक जेठानंद व्यास ने संवेदनशीलता जताते हुए कहा कि असुरक्षित तरीके से छोड़े जाने के कारण कई बच्चे शारीरिक रूप से अक्षम हो जाते हैं, जिससे उनके दत्तक ग्रहण (Adoption) में कठिनाई आती है। उन्होंने पालना गृह की व्यवस्थाओं और कानूनी प्रावधानों के व्यापक प्रचार-प्रसार की आवश्यकता बताई।

अभियान के मुख्य बिंदु और मंशा

बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष जुगल किशोर व्यास ने अभियान की रूपरेखा साझा करते हुए बताया:

  • उद्देश्य: झाड़ियों या नालों में फेंके गए शिशुओं की मृत्यु दर को रोकना और उन्हें कानूनी प्रक्रिया के तहत दत्तक ग्रहण (Adoption) के लिए सुरक्षित करना।
  • प्रसार: बीकानेर के पीबीएम और जिला अस्पतालों सहित ग्राम पंचायत स्तर तक जागरूकता पोस्टर लगाए जाएंगे।
  • कठोर वास्तविकता: पिछले एक वर्ष में जोधपुर, जयपुर, भीलवाड़ा और बांसवाड़ा जैसे जिलों में शिशुओं को असुरक्षित फेंकने की कई घटनाएं सामने आई हैं।

नहीं होगी कोई कानूनी कार्रवाई

समिति के सदस्य जन्मेजय व्यास ने एक महत्वपूर्ण भ्रांति को दूर करते हुए कहा कि यदि कोई अभिभावक बच्चे को रखने में असमर्थ है और उसे पालना गृह, बाल कल्याण समिति या दत्तक ग्रहण एजेंसी को सौंपता है, तो उनके खिलाफ कोई कानूनी कार्रवाई नहीं की जाती है। लोग डर के कारण बच्चों को असुरक्षित स्थानों पर फेंक देते हैं, जिसे यह अभियान दूर करेगा।

बाल अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक अरुण सिंह शेखावत ने भी अपील की कि अनचाहे शिशुओं को केवल उचित प्राधिकारी को ही सौंपें ताकि मासूमों का जीवन सुरक्षित रह सके।

Share This Article
Facebook Copy Link Print
Leave a Comment Leave a Comment

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

HOT NEWS

अफसरों के निजी फोन का बिल अब नहीं भरेगी सरकार: राजस्थान में नई गाइडलाइन जारी, बिना अनुमति भुगतान पर होगी सख्त कार्रवाई

आस्था के प्रसाद में करोड़ों का खेल? तिरुपति विवाद में ED को मिले 60 लाख नकद और 45 करोड़ के निवेश के सबूत

क्या कार्मिक विभाग से ऊपर है खान विभाग?

नाट्यशास्त्र का कड़वा सच: अवसाद और तनाव मिटाने वाले ‘पंचम वेद’ को समाज ने माना महज एक साइड एक्टिविटी!

15 साल बाद घरेलू मैदान पर बड़ा बदलाव: अश्विन-जडेजा के बिना मैदान पर उतरी टीम इंडिया

YOU MAY ALSO LIKE

जयपुर के कोचिंग और हॉस्टलों पर प्रशासन का सख्त पहरा: कलेक्टर की 22 सूत्रीय गाइडलाइन जारी, नियमों की अनदेखी पर होगी कार्रवाई

राजस्थान की राजधानी जयपुर में कोचिंग संस्थानों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को मानसिक तनाव से बचाने और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित…

राजस्थानशिक्षा विभाग
February 26, 2026

राजस्थानियों के लिए बड़ी राहत: अब देशभर के 31 हजार अस्पतालों में मिलेगा 25 लाख तक का कैशलेस इलाज

राजस्थान के निवासियों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक बड़ी और राहत भरी खबर है। प्रदेशवासी अब सिर्फ…

जयपुरयोजनाराजस्थान
March 26, 2026

राहुल गांधी के ‘जातिवाद’ वाले आरोप पर दिल्ली यूनिवर्सिटी का पलटवार: ‘बयान से पहले फैक्ट चेक करें, CUET से होते हैं एडमिशन’

नई दिल्ली कांग्रेस नेता राहुल गांधी और दिल्ली यूनिवर्सिटी (DU) के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। लखनऊ में…

राजस्थान
March 14, 2026

सागवाड़ा पाल सबस्टेशन का रास्ता साफ: वैकल्पिक मार्ग से बिछेगी लाइन, ₹4.75 करोड़ मंजूर

जयपुर। राजस्थान के ऊर्जा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) हीरालाल नागर ने सोमवार को विधानसभा में एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए बताया…

राजस्थान
February 23, 2026

The Public Hub is Jaipur’s premier weekly newspaper dedicated to high-impact investigative journalism. Focused on Rajasthan’s socio-political landscape, we deliver research-based deep dives and hard-hitting facts that go beyond the headlines. Registered under RNI: RJBIL/26.A0142, we are committed to accountability and the pursuit of truth.

  • Home
  • Privacy Policy
  • About us
  • Terms and Conditions
  • E-Paper
  • राजस्थान
  • जुर्म
  • कानून
  • योजना
  • धर्म
  • भारत
  • शिक्षा विभाग
  • Home
  • राजस्थान
  • विभाग
  • जुर्म
  • धर्म
  • भारत

Follow US: 

-

All Rights Reserved
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?